पंतनगर में द्वितीय सहकारिता नेतृत्व प्रशिक्षण वर्ग का शुभारंभ | किसानों, युवाओं और मातृशक्ति को सहकारिता से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता
देहरादून, 21 सितंबर 2026। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री आवास से वर्चुअल माध्यम से गोविन्द बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय, पंतनगर में आयोजित श्री लक्ष्मणराव इनामदार द्वितीय सहकारिता नेतृत्व प्रशिक्षण वर्ग के शुभारंभ सत्र को संबोधित किया। कार्यक्रम का आयोजन सहकार भारती उत्तराखण्ड द्वारा किया गया।
मुख्यमंत्री धामी ने सहकार भारती के संस्थापक श्रद्धेय लक्ष्मणराव इनामदार की जयंती पर उन्हें नमन करते हुए कहा कि सहकारिता को मजबूत बनाकर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने में ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने कहा कि मजबूत नेतृत्व से एम-पैक्स मजबूत होंगे, मजबूत एम-पैक्स से गांव मजबूत होंगे और मजबूत गांवों से समृद्ध उत्तराखण्ड का निर्माण होगा।

‘सहकार से समृद्धि’ पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य उत्तराखण्ड को ‘सहकार से समृद्धि’ की दिशा में आगे बढ़ाना है। पर्वतीय राज्य में सहकारिता के माध्यम से पलायन को रोकने, पर्वतीय कृषि को मजबूत करने, स्थानीय उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में मदद मिल सकती है।
उन्होंने कहा कि पैक्स (PACS) राज्य की सहकारिता व्यवस्था की महत्वपूर्ण आधारशिला हैं। बदलती आवश्यकताओं के अनुरूप इन्हें एम-पैक्स के रूप में अधिक सक्षम और प्रभावी बनाया जा रहा है। एम-पैक्स के माध्यम से किसानों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने, युवाओं के लिए नए अवसर पैदा करने और ग्रामीण क्षेत्रों को आर्थिक रूप से मजबूत करने पर जोर दिया जा रहा है।
कुशल नेतृत्व के लिए प्रशिक्षण जरूरी
सीएम धामी ने कहा कि एम-पैक्स को प्रभावी बनाने के लिए कुशल, सक्षम और दूरदर्शी नेतृत्व आवश्यक है। इसी उद्देश्य से नेतृत्व प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण केवल जानकारी बढ़ाने का माध्यम नहीं, बल्कि नेतृत्व को नई सोच, कार्यदृष्टि और दिशा प्रदान करने का भी माध्यम है।
उन्होंने प्रशिक्षण में शामिल प्रतिनिधियों से अपने-अपने क्षेत्रों में सहकारिता की भावना को मजबूत करने और अधिक से अधिक लोगों को सहकारिता से जोड़ने का आह्वान किया।

किसान, युवा और मातृशक्ति प्राथमिकता में
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों, युवाओं और मातृशक्ति को सहकारिता से जोड़ना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। सहकारिता को केवल समितियों तक सीमित रखने के बजाय इसे जनभागीदारी और आर्थिक सशक्तिकरण का माध्यम बनाने का प्रयास किया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य है कि सहकारिता का लाभ गांव के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और प्रत्येक व्यक्ति विकास की प्रक्रिया में सहभागी बने।
पंतनगर से सहकारिता को नई दिशा देने की पहल
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंतनगर की ज्ञानभूमि से सहकारिता को नई दिशा देने वाली कई पहल शुरू की गई हैं। इनमें ‘सहकार ग्रंथ’ का लोकार्पण, देवभूमि सारथी राज्य सहकारी संघ की पहल, सहकारिता क्षेत्र में नए पाठ्यक्रम, युवाओं को जोड़ने के लिए सोशल मीडिया रील्स अभियान तथा एम-पैक्स नेतृत्व प्रशिक्षण कार्यक्रम शामिल हैं।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, पंतनगर विश्वविद्यालय के कुलपति शिवेन्द्र कुमार कश्यप, सहकार भारती के राष्ट्रीय महासचिव दीपक चौरसिया, प्रदेश अध्यक्ष विनोद कुमार गौड़, संगठन मंत्री मणिराम नौटियाल, प्रदेश कोषाध्यक्ष सुधीर कुमार जोशी सहित अन्य पदाधिकारी एवं विशेषज्ञ वर्चुअल माध्यम से जुड़े।
