देहरादून। राजधानी देहरादून के सबसे व्यस्त और प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्र पलटन बाजार में बुधवार सुबह भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया। गांधी संस साड़ी एवं लहंगा शोरूम में लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया, जिससे लाखों रुपये का सामान जलकर राख हो गया। आग से उठता धुएं का गुबार करीब दो किलोमीटर दूर तक दिखाई दिया।
घटना की सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की कई टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। आग की गंभीरता को देखते हुए 6 से 7 दमकल वाहनों को मौके पर लगाया गया। घनी आबादी और बाजार क्षेत्र होने के कारण आसपास के दुकानदारों और स्थानीय लोगों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग लगने के बाद काफी देर तक पूरा इलाका धुएं से ढका रहा। दमकल कर्मियों ने करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस दौरान शोरूम में रखा बड़ी मात्रा में साड़ी, लहंगा और अन्य कपड़ों का स्टॉक जलकर नष्ट हो गया।
शोरूम संचालक का दावा है कि दुकान के बाहर स्थित बिजली के पोल से पहले चिंगारी निकली, जिसके बाद तारों में शॉर्ट सर्किट हुआ और आग उनकी दुकान तक पहुंच गई। उनका कहना है कि आग की सूचना पड़ोसी दुकान में कार्यरत एक युवक ने फायर ब्रिगेड को दी थी, लेकिन दमकल विभाग के देर से पहुंचने के कारण नुकसान बढ़ गया।
वहीं, अग्निशमन विभाग ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा कि सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम 5 से 7 मिनट के भीतर घटनास्थल पर पहुंच गई थी। देहरादून के मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) के अनुसार, कई दमकल वाहनों की मदद से संयुक्त अभियान चलाकर आग पर सफलतापूर्वक नियंत्रण पाया गया।
प्रारंभिक जांच में आग लगने की संभावित वजह शॉर्ट सर्किट मानी जा रही है। हालांकि, वास्तविक कारणों की जांच जारी है। आग से हुए कुल आर्थिक नुकसान का आंकलन अभी किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि दुकान मालिक द्वारा मूल्यांकन पूरा होने के बाद ही नुकसान की सही जानकारी सामने आ सकेगी।
यह घटना एक बार फिर व्यस्त बाजारों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था और बिजली लाइनों के रखरखाव को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर रही है।




