देहरादून में बड़ा हादसा टला: उफनती गोहना नदी में स्कूटी समेत बहा युवक, दो युवकों ने जान जोखिम में डाल बचाई जिंदगी

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बारिश के बाद गोहना नदी में अचानक बढ़ा जलस्तर, रपटे पर तेज बहाव के बीच फंसा स्कूटी सवार; घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

देहरादून | Doon Valley Times

देहरादून जिले के सहसपुर क्षेत्र में सोमवार को एक बड़ा हादसा उस समय टल गया, जब उफनती गोहना नदी को पार करने की कोशिश कर रहा एक स्कूटी सवार युवक तेज बहाव की चपेट में आकर स्कूटी समेत बहने लगा। मौके पर मौजूद दो स्थानीय युवकों ने अपनी जान की परवाह किए बिना नदी में उतरकर युवक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। उनकी बहादुरी और सूझबूझ से एक बड़ा हादसा टल गया।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, लगातार हो रही बारिश के कारण गोहना नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया था। नदी का पानी सड़क पर बने रपटे के ऊपर से तेज गति से बह रहा था। इसी दौरान एक युवक स्कूटी लेकर नदी पार करने लगा, लेकिन तेज बहाव के कारण वह संतुलन खो बैठा और स्कूटी सहित पानी में बहने लगा। घटना को देखकर आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई।

इसी बीच मौके पर मौजूद दो युवकों ने बिना देर किए नदी में छलांग लगा दी और काफी मशक्कत के बाद युवक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। कुछ समय तक घटनास्थल पर मौजूद लोगों की सांसें थमी रहीं, लेकिन समय रहते बचाव होने से युवक की जान बच गई। घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें दोनों युवकों की बहादुरी साफ दिखाई दे रही है।

20 गांवों की आवाजाही पर असर

स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि गोहना नदी पर बने इसी रपटे से सोरना, डोभरी, बड़ृवा, होरावाला सहित करीब 20 गांवों के हजारों लोग प्रतिदिन आवागमन करते हैं। बरसात के दौरान नदी का जलस्तर बढ़ते ही यह मार्ग पूरी तरह जलमग्न हो जाता है, जिससे ग्रामीणों का संपर्क मुख्य मार्ग से कट जाता है। इसका सबसे अधिक असर स्कूली बच्चों, मरीजों और नौकरी-पेशा लोगों पर पड़ता है। ऐसे समय में लोगों को सहसपुर होते हुए विकासनगर जाने के लिए कई किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है।

पुल निर्माण की मांग हुई तेज

ग्रामीणों ने एक बार फिर सरकार और संबंधित विभाग से गोहना नदी पर स्वीकृत पुल का निर्माण शीघ्र शुरू कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि पुल का निर्माण जल्द हो जाता है तो हर साल बरसात में होने वाले हादसों पर रोक लगेगी और हजारों ग्रामीणों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिलेगी।

सोमवार की घटना ने एक बार फिर प्रशासन और सरकार के सामने यह बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर बरसात के मौसम में ग्रामीणों को कब तक अपनी जान जोखिम में डालकर रपटे से गुजरना पड़ेगा। वहीं, युवक की जान बचाने वाले दोनों युवकों की क्षेत्रभर में जमकर सराहना हो रही है।

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