देहरादून, 26 जुलाई | दून वैली टाइम्स
उत्तराखंड स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) की साइबर क्राइम पुलिस ने 24.95 लाख रुपये की साइबर ठगी के मामले का खुलासा करते हुए अंतरराज्यीय साइबर गिरोह के एक मुख्य सदस्य को पश्चिम बंगाल से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान जियाउर गाजी (40) निवासी हिंगलगंज, नॉर्थ 24 परगना (पश्चिम बंगाल) के रूप में हुई है।
एसटीएफ के अनुसार, देहरादून निवासी एक व्यक्ति की शिकायत पर कार्रवाई की गई। शिकायत में बताया गया था कि साइबर ठगों ने उनका मोबाइल फोन हैक कर ई-मेल आईडी और मोबाइल नंबर बदल दिए तथा उनकी कंपनी के बैंक खाते से 24.95 लाख रुपये की धोखाधड़ी कर ली। इस संबंध में साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन देहरादून में बीएनएस की धारा 318(4), 61(2) और आईटी एक्ट की धारा 66D के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
जांच के दौरान बैंक खातों, मोबाइल नंबरों और डिजिटल ट्रांजेक्शनों का तकनीकी विश्लेषण किया गया। साक्ष्यों के आधार पर एसटीएफ की टीम पश्चिम बंगाल पहुंची और नॉर्थ 24 परगना के हाबरा बाजार क्षेत्र से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह साइबर अपराधियों को बैंक खाते, एटीएम कार्ड, सिम कार्ड और बैंकिंग संबंधी जानकारी उपलब्ध कराता था। इसके बदले उसे आर्थिक लाभ मिलता था। उसने अपने नाम से करीब 12 बैंक खाते खुलवाने के साथ-साथ अन्य लोगों के खाते भी खुलवाए और उनके एटीएम कार्ड व सिम साइबर गिरोह को उपलब्ध कराए। आरोपी ने ‘गाजी इंटरप्राइजेज’ के नाम से फर्जी फर्म बनाकर विभिन्न बैंकों में खाते भी खुलवा रखे थे।
जांच में सामने आया कि ठगी की 11.95 लाख रुपये की राशि सबसे पहले आरोपी के आईडीबीआई बैंक खाते में पहुंची, जिसके बाद इसे अन्य बैंक खातों में ट्रांसफर कर निकाला गया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से दो डेबिट कार्ड, तीन मोबाइल फोन और तीन सिम कार्ड बरामद किए हैं।
एसटीएफ का कहना है कि आरोपी संगठित साइबर अपराध गिरोह का सक्रिय सदस्य है और मामले में अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।




