श्रीनगर गढ़वाल में छात्र की संदिग्ध मौत, किराये के कमरे में फंदे से लटका मिला शव

दून वैली टाइम्स | श्रीनगर (पौड़ी गढ़वाल)

उत्तराखण्ड के पौड़ी गढ़वाल जनपद स्थित श्रीनगर शहर से एक दुखद घटना सामने आई है। हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय के एक छात्र का शव उसके किराये के कमरे में फंदे से लटका मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि पुलिस सभी संभावित पहलुओं की गंभीरता से जांच कर रही है।

छात्र की हुई पहचान

पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान अनीश कुमार (25 वर्ष) पुत्र वीरेंद्र कुमार, निवासी समस्तीपुर (बिहार) के रूप में हुई है। अनीश हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय में बीए तृतीय वर्ष का छात्र था। वह श्रीनगर के घसिया महादेव क्षेत्र, चौरास झूला पुल के निकट एक किराये के कमरे में रहकर अपनी पढ़ाई कर रहा था।

पड़ोसियों ने दी सूचना

बताया जा रहा है कि मंगलवार को काफी देर तक कमरे का दरवाजा नहीं खुलने पर पड़ोसियों को संदेह हुआ। जब उन्होंने कमरे के भीतर झांककर देखा तो छात्र फंदे से लटका हुआ मिला। इसके बाद तत्काल इसकी सूचना कोतवाली श्रीनगर पुलिस को दी गई।

सूचना मिलते ही कोतवाली प्रभारी निरीक्षक कुलदीप सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, आवश्यक साक्ष्य जुटाए और शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू की।

मानसिक तनाव की आशंका

पुलिस की प्रारंभिक जांच और स्थानीय लोगों से पूछताछ में यह बात सामने आई है कि छात्र पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव में था। हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। मामले के हर पहलू की जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट सहित अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

परिजनों को दी गई सूचना

घटना की जानकारी मृतक के परिजनों को दे दी गई है। पुलिस के अनुसार परिजनों के श्रीनगर पहुंचने के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का स्पष्ट पता चल सकेगा।

पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मामले को लेकर किसी भी प्रकार की अपुष्ट जानकारी या अफवाहें सोशल मीडिया पर साझा न करें और जांच पूरी होने तक आधिकारिक तथ्यों का ही इंतजार करें।

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