जर्जर भवन घोषित करने से पहले होगी तकनीकी जांच, डीएम ने दिए सर्वे के निर्देश

देहरादून में संभावित असुरक्षित भवनों का होगा चिन्हीकरण, विशेषज्ञ तकनीकी टीमें करेंगी संरचनात्मक परीक्षण

देहरादून, 08 सितंबर 2026।
जनपद में जर्जर एवं संभावित रूप से असुरक्षित भवनों को लेकर जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने देर शाम वर्चुअल बैठक कर अधिकारियों को सख्त दिशा-निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि किसी भी भवन को जर्जर अथवा गिरासू घोषित करने से पहले उसके सभी तकनीकी और संरचनात्मक पहलुओं की गहन जांच की जाए, ताकि वास्तविक स्थिति का सही आकलन हो सके।

जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों, नगर निगम एवं नगर पालिका परिषदों के अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में जर्जर भवनों का प्राथमिकता के आधार पर सर्वेक्षण एवं चिन्हीकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। सर्वे के दौरान भवन की वर्तमान स्थिति, संरचनात्मक सुरक्षा तथा आसपास रहने वाले लोगों की सुरक्षा जैसे पहलुओं को भी शामिल किया जाएगा।

विशेषज्ञ तकनीकी टीमें करेंगी निरीक्षण

डीएम ने नगर निगम, नगर पालिका परिषदों, लोक निर्माण विभाग तथा मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) के अधिकारियों को जर्जर भवनों के निरीक्षण और तकनीकी परीक्षण के लिए विशेषज्ञ तकनीकी टीमें गठित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय से तकनीकी सर्वेक्षण कर भवनों की वास्तविक स्थिति का आकलन करें।

जिलाधिकारी ने कहा कि किसी भवन को गिरासू घोषित करने की कार्रवाई में तकनीकी के साथ-साथ विधिक पहलुओं का भी पूरा ध्यान रखा जाए। जनसुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए उन्होंने संभावित दुर्घटनाओं और जनहानि को रोकने के लिए समय रहते आवश्यक सुरक्षात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए।

अति संवेदनशील भवनों पर तत्काल कार्रवाई

डीएम ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि चिन्हीकरण एवं सर्वेक्षण के कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। अत्यधिक जर्जर एवं संवेदनशील भवनों के मामले में विशेष सतर्कता बरतते हुए आवश्यकता के अनुसार तत्काल सुरक्षात्मक उपाय सुनिश्चित किए जाएं।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के.के. मिश्रा, अपर जिलाधिकारी प्रशासन स्मृता परमार, संयुक्त मजिस्ट्रेट राहुल आनंद, नगर आयुक्त ऋषिकेश विजयनाथ शुक्ला, एसडीएम मुख्यालय रविंद्र ज्वान्ठा, एसडीएम सदर अपूर्वा सिंह, एसडीएम विकासनगर विनोद कुमार, एसडीएम ऋषिकेश कुमकुम जोशी, एसडीएम डोईवाला अपर्णा ढोंडियाल, एसडीएम चकराता प्रेमलाल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी ऋषभ कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े रहे।

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