देहरादून | Doon Valley Times
उत्तराखंड में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR-2026) के दौरान मतदाता सूची में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। निर्वाचन आयोग के प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में 8.41 लाख मतदाता अनक्लेम्ड (Unclaimed) श्रेणी में चिन्हित किए गए हैं। इनमें मृत, स्थायी रूप से स्थानांतरित, डुप्लीकेट या सत्यापन के दौरान अनुपस्थित पाए गए मतदाता शामिल हैं। इनका सत्यापन पूरा होने के बाद बड़ी संख्या में नाम मतदाता सूची से हटाए जा सकते हैं।
सबसे अधिक प्रभाव 10 विधानसभा सीटों पर पड़ने की संभावना है, जहां मतदाता सूची से हजारों नाम हट सकते हैं। इनमें से 7 सीटें वर्तमान में भाजपा और 3 सीटें कांग्रेस के कब्जे में हैं। राजनीतिक दल भी इन सीटों पर विशेष नजर बनाए हुए हैं।
सर्वाधिक प्रभावित होने वाली 10 विधानसभा सीटें
विधानसभा
कुल मतदाता
खतरे में वोट
काशीपुर
1,63,690
30,029
बाजपुर
1,59,468
29,655
धर्मपुर
1,76,112
29,460
ऋषिकेश
1,53,701
29,016
किच्छा
1,48,613
27,374
रायपुर
1,62,716
26,643
हल्द्वानी
1,40,199
20,935
रुद्रपुर
1,93,447
20,845
सहसपुर
1,81,797
20,681
डोईवाला
1,65,283
19,345
निर्वाचन आयोग के अनुसार अब SIR अभियान का अगला चरण शुरू हो रहा है। 7 जुलाई तक सभी गणना प्रपत्रों का डिजिटलीकरण किया जाएगा, जबकि 14 जुलाई को ड्राफ्ट मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी। इसके बाद दावे और आपत्तियों के आधार पर अंतिम सूची तैयार होगी।
जिलावार आंकड़ों में सबसे अधिक देहरादून में लगभग 1.90 लाख और ऊधमसिंह नगर में 1.82 लाख मतदाता अनक्लेम्ड श्रेणी में हैं। पूरे प्रदेश में करीब 1.24 लाख मृत मतदाताओं के नाम सीधे हटाए जाने की प्रक्रिया में हैं, जबकि अन्य मामलों में सत्यापन के बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
निर्वाचन आयोग ने सभी पात्र मतदाताओं से अपील की है कि वे समय पर अपने दस्तावेजों का सत्यापन कराएं ताकि किसी भी योग्य मतदाता का नाम मतदाता सूची से न हटे।




