रुद्रप्रयाग। तिलवाड़ा–सुमाड़ी पुल के नीचे लकड़ी एकत्र करने गई तीन महिलाओं की जान उस समय संकट में पड़ गई, जब अचानक नदी का जलस्तर बढ़ने से वे बीच धारा में फंस गईं। सूचना मिलते ही जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र, रुद्रप्रयाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए SDRF, DDRF एवं जल पुलिस की रेस्क्यू टीमों को घटनास्थल के लिए रवाना किया।
मौके पर पहुंची टीम ने पाया कि नदी का तेज बहाव और बढ़ा हुआ जलस्तर रेस्क्यू अभियान के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है। ऐसे में SDRF के आरक्षी प्रेम सिंह ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए उफनती नदी को तैरकर पार किया। दूसरी ओर पहुंचने के बाद उन्होंने अपर उपनिरीक्षक हरीश बंगारी के नेतृत्व में टीम के साथ समन्वय स्थापित किया।
रेस्क्यू टीम ने आसपास उपलब्ध लोहे के क्रैश गार्ड (Crash Guards) की मदद से नदी पर अस्थायी पुल तैयार किया। इसके बाद सुनियोजित अभियान चलाकर बीच धारा में फंसी तीनों महिलाओं को एक-एक कर सकुशल बाहर निकाल लिया।
SDRF उत्तराखंड पुलिस की इस त्वरित, साहसिक और सूझबूझ भरी कार्रवाई की स्थानीय लोगों ने सराहना की। समय रहते किए गए इस सफल रेस्क्यू अभियान से तीनों महिलाओं की जान बच गई।
उफनती नदी में फंसी तीन महिलाओं को SDRF ने सुरक्षित निकाला




