देहरादून, 6 जुलाई। पटेलनगर थाना क्षेत्र के चर्चित लालपुल मारपीट प्रकरण में पुलिस ने मुख्य आरोपी अंकुर वाल्मीकि को गिरफ्तार कर लिया है। मामले की विवेचना के दौरान पुलिस ने मुकदमे में धारा 109 बीएनएस की भी बढ़ोतरी की है। वहीं जांच में पीड़ित द्वारा लगाए गए बिजली का करंट देने, गर्म लोहे की रॉड से दागने और गुप्तांग पर पेचकश से हमला करने जैसे गंभीर आरोपों की पुष्टि नहीं होने की बात पुलिस ने कही है।
पुलिस के अनुसार जाखन कैनाल रोड निवासी आजाद रावत ने 4 जुलाई को पटेलनगर थाने में तहरीर देकर बताया था कि 3 जुलाई की रात करीब 8 बजे लालपुल के पास स्कूटी चालक अंकुर वाल्मीकि से उनकी टक्कर हो गई थी। हादसे में अंकुर का मोबाइल फोन टूट गया, जिसके बाद विवाद बढ़ गया। आरोप है कि अंकुर और उसके साथियों ने उन्हें जबरन मंडी क्षेत्र में ले जाकर मारपीट की और अमानवीय व्यवहार किया।
तहरीर के आधार पर पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। विवेचना के दौरान वादी, प्रत्यक्षदर्शियों तथा चिकित्सकों के बयान दर्ज किए गए और घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले गए। जांच के आधार पर पुलिस ने मुख्य आरोपी अंकुर वाल्मीकि को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस का कहना है कि डॉक्टरों की मेडिकल रिपोर्ट, चिकित्सकों के बयान और उपलब्ध अन्य साक्ष्यों के परीक्षण के बाद पीड़ित द्वारा लगाए गए करंट देने, गर्म लोहे की रॉड से दागने तथा गुप्तांग पर पेचकश से चोट पहुंचाने के आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है। इन आरोपों के समर्थन में कोई ठोस साक्ष्य भी जांच में सामने नहीं आए।
पुलिस के मुताबिक घटना में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और मामले की विवेचना अभी भी प्रगति पर है। जांच के दौरान यह तथ्य भी सामने आया है कि वादी आजाद रावत और आरोपी अंकुर वाल्मीकि पहले से एक-दूसरे के परिचित थे।



