आजाद कॉलोनी में प्रशासन की कार्रवाई, करीब 125 बच्चे मिले अध्ययनरत; पंजीकरण प्रमाण-पत्र प्रस्तुत न करने पर मदरसा किया गया सील
देहरादून, 05 सितंबर। जनपद में संचालित मदरसों में निर्धारित मानकों और पंजीकरण की स्थिति की जांच को लेकर जिला प्रशासन की कार्रवाई लगातार जारी है। इसी क्रम में शनिवार को प्रशासन की टीम ने आजाद कॉलोनी और मेहूंवाला माफी क्षेत्र में संचालित मदरसों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान एक मदरसा बिना पंजीकरण के संचालित पाया गया, जिसे तत्काल सील कर दिया गया। वहीं, दो अन्य मदरसों के संचालकों से लिखित शपथ-पत्र/अंडरटेकिंग लिया गया कि विधिवत पंजीकरण के बिना संस्थान का संचालन नहीं किया जाएगा।
जिला प्रशासन की टीम में उप जिलाधिकारी सदर, खंड शिक्षा अधिकारी रायपुर तथा जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी शामिल रहे। टीम ने सबसे पहले आईएसबीटी के समीप आजाद कॉलोनी स्थित मदरसा जामिया-तुस-सलाम अल-इस्लामिया का निरीक्षण किया।

करीब 125 बच्चे मिले, पंजीकरण प्रमाण-पत्र नहीं हुआ प्रस्तुत
निरीक्षण के दौरान मदरसा जामिया-तुस-सलाम अल-इस्लामिया में करीब 125 बच्चे अध्ययनरत पाए गए। प्रशासन की टीम ने मदरसे के संचालन एवं पंजीकरण से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा। बताया गया कि मदरसे के संचालक मुफ्ती रईस मौके पर उपस्थित नहीं थे। उनके भाई मौके पर मौजूद थे, लेकिन वह मदरसे का कोई पंजीकरण प्रमाण-पत्र प्रशासनिक टीम के समक्ष प्रस्तुत नहीं कर सके।
पंजीकरण संबंधी आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध न होने पर प्रशासन ने नियमानुसार कार्रवाई करते हुए मदरसे को तत्काल सील कर दिया।
दूसरे मदरसे में नहीं चल रहा था शिक्षण कार्य
इसके बाद टीम ने इसी क्षेत्र में स्थित मदरसा दार-ए-अरकम का निरीक्षण किया। इसका संचालन अब्दुल सत्तार द्वारा किया जाता है। निरीक्षण के दौरान मदरसे का भी कोई पंजीकरण प्रमाण-पत्र प्रस्तुत नहीं किया जा सका। हालांकि, मौके पर कोई बच्चा अध्ययनरत नहीं पाया गया और मदरसा संचालित भी नहीं हो रहा था।
ऐसे में प्रशासनिक टीम ने संचालक से लिखित शपथ-पत्र/अंडरटेकिंग लिया कि विधिवत पंजीकरण कराए बिना भविष्य में मदरसे का संचालन नहीं किया जाएगा।
मेहूंवाला माफी में भी लिया गया शपथ-पत्र
प्रशासन की टीम ने इसके अतिरिक्त मेहूंवाला माफी स्थित मदरसा दारुल उलूम रहीमिया का भी निरीक्षण किया। मदरसे के संचालक गुलशेर हैं। निरीक्षण के समय मदरसा संचालित नहीं पाया गया और वहां कोई बच्चा भी मौजूद नहीं था।
प्रशासन ने संचालक से भी लिखित शपथ-पत्र लिया कि आवश्यक एवं उचित पंजीकरण के बिना मदरसे का संचालन नहीं किया जाएगा।
नियमों का पालन नहीं करने वालों पर होगी कार्रवाई
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जनपद में संचालित शिक्षण संस्थानों में निर्धारित मानकों, नियमों और आवश्यक पंजीकरण का अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा। प्रशासन की ओर से कहा गया है कि बिना आवश्यक पंजीकरण के संचालित पाए जाने वाले संस्थानों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
शनिवार की कार्रवाई को जनपद में मदरसों के निरीक्षण अभियान के तहत महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्रशासन द्वारा निरीक्षण के दौरान संस्थानों की पंजीकरण स्थिति, संचालन एवं अन्य निर्धारित मानकों की जांच की जा रही है।
