विकासनगर। क्षेत्र में विकास कार्यों के नाम पर खोदी गई सड़कों और जल निकासी की बदहाल व्यवस्था को लेकर स्थानीय लोगों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। विकासनगर के एक स्थानीय निवासी ने आरोप लगाया है कि विधायक निवास से महज करीब 50 मीटर की दूरी पर स्थित गली में बारिश के बाद करीब दो फीट तक पानी जमा हो गया है। जलभराव के कारण लोगों को घरों से बाहर निकलने में भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय निवासी का आरोप है कि संबंधित कंपनी ने क्षेत्र में जगह-जगह सड़कें खोदकर छोड़ दी हैं। काम पूरा करने के बाद सड़कों को व्यवस्थित करने और जल निकासी की पर्याप्त व्यवस्था करने पर ध्यान नहीं दिया गया। बारिश होते ही कई स्थानों पर पानी जमा हो रहा है, जिससे स्थानीय लोगों को लगातार दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
निवासी ने सवाल उठाया कि जब विधायक निवास के इतने करीब लोग जलभराव की समस्या से जूझ रहे हैं तो क्षेत्र के अन्य हिस्सों की स्थिति क्या होगी। उन्होंने सवाल किया कि सड़क खुदाई के कार्यों की निगरानी कौन कर रहा है और खुदाई के बाद सड़कों को समय पर दुरुस्त कराने की जिम्मेदारी किसकी है।
स्थानीय निवासी ने संबंधित कंपनी के कामकाज में कथित भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाते हुए पूरे प्रोजेक्ट की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने मुख्यमंत्री से मामले का संज्ञान लेकर सीबीआई जांच कराने की मांग उठाई है।
हालांकि कंपनी पर लगाए गए भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। संबंधित कंपनी और जिम्मेदार विभाग का पक्ष भी सामने नहीं आया है। ऐसे में आरोपों की वास्तविकता निष्पक्ष जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
स्थानीय निवासी ने चेतावनी दी है कि यदि जलभराव की समस्या का तत्काल समाधान नहीं किया गया, खोदी गई सड़कों को दुरुस्त नहीं किया गया और प्रोजेक्ट की जांच नहीं कराई गई तो क्षेत्र के लोग आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
अब सवाल यह है कि विधायक निवास से महज कुछ कदम की दूरी पर यदि लोग दो फीट पानी के बीच आवाजाही करने को मजबूर हैं, तो जिम्मेदार विभाग और कार्यदायी संस्था इस समस्या का समाधान कब करेंगे।
